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Friday, 22 February 2013

मृदा चिकित्सा मूल, करो ना किंचित हड़-बड़-

"ओ बी ओ चित्र से काव्य तक छंदोत्सव" अंक-23

सुंदरी सवैया 
बलुई कलकी ललकी पिलकी जल-ओढ़ सजी लटरा मुलतानी ।
मकु शुष्क मिले कुछ गील सने तल कीचड़ पर्वत धुर पठरानी ।
कुल जीव बने सिर धूल चढ़े, शुभ *पीठ तजे, मनुवा मनमानी ।
मटियावत नीति मिटावत मीत, हुआ *मटिया नहिं पावत पानी ||
*देवस्थान / आसन                       *लाश


कुंडलिया 
गीली ठंडी शुष्क मकु, मिटटी *मिट्ठी मीठ |
मिटटी के पुतले समझ, मिटटी ही शुभ पीठ |
मिटटी ही शुभ पीठ, ढीठ काया की गड़बड़ |
मृदा चिकित्सा मूल, करो ना किंचित हड़-बड़ |
त्वचा दोष ज्वर दर्द, देह पड़ जाए पीली |
मिटटी विविध प्रकार, लगा दे पट्टी गीली ||

6 comments:

  1. प्राकृतिक चिकित्सा के सूत्र .

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  2. मुख्तलिफ अंदाज़ हैं आपके खूबसूरत सेतु हैं आजके चर्चाकार ,हम शुक्रगुजार हैं आपके .आपने हमें भी शरीक किया .कृपया यहाँ भी पधारें -

    गृह मंत्रीजी कहिन

    भारत के गृहमंत्रालय को आइन्दा सूचनाप्रदाता मंत्रालय कहा जाना चाहिए .सूचना देना एक बड़ी बात होती है .लोगों को आगाह करना -भाइयों खबरदार रहना फलां राज्य में आतंकी विस्फोट कर सकते हैं .कोई मामूली बात नहीं है .गृह युद्ध की आशंका हो तब भी सूचना प्रदाता मंत्रालय यही कहेगा भाइयों सावधान रहना गृह युद्ध छिड़ सकता है .लोग अपनी अपनी हिफाज़त करें .और वह चुप्पा सिंह हमेशा की तरह यही कहते पाकड़े जायेंगे -आतंकियों को बख्शा नहीं जाएगा .

    भाईसाहब हमारा मानना यह है कि वोट के आगे लार टपकाने वाली राजनीति आतंकवाद का मुकाबला कर ही नहीं सकती .बेहतर हो लोग खुद अपनी हिफाज़त करें .

    वोट के आगे लारटप काऊ राजनीति को एक बड़ा लक्ष्य हासिल करना है .बहुसंख्यकों की आबादी को अल्पसंख्यकों के बराबर लाना है .तभी तो भारत के संशाधनों पर मुसलामनों का पहला हक़ होगा .फिलवक्त यह अनुपात लड़का -लड़की अनुपात की तरह विषम बना हुआ है .यह ना -इंसाफी है .भारत की कोई सवा करोड़ आबादी में से कुछेक लाख ठिकाने लगते रहें तब भी इसे हासिल करने में वक्त लग जाएगा .बेहतर हो विस्फोट स्थल पर लोग बड़ी संख्या में पहुंचें ,सामूहिक विवाह की तरह सामूहिक हाराकरी का सुनहरा अवसर मुहैया करवाती है सरकार .भगवान उसका भला करे .इसमें सूचना प्रदाता मंत्रालय का बड़ा योगदान आने वाली नस्लें याद करेंगी .

    Virendra Sharma ‏@Veerubhai1947
    गृह मंत्रीजी कहिन http://kabirakhadabazarmein.blogspot.com/2013/02/blog-post_22.html …
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    2 hrsVirendra Sharma ‏@Veerubhai1947
    ram ram bhai मुखपृष्ठ शुक्रवार, 22 फरवरी 2013 गृह मंत्रीजी कहिनhttp://veerubhai1947.blogspot.in/
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  3. बहुत सुन्दर

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  4. अति सुंदर सुंदरी सवैया, मजा आ गया भैया |

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  5. आपने बिलकुल सही कहा बहुत खूब

    मेरी नई रचना
    ये कैसी मोहब्बत है

    खुशबू

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